Last Update On : 01 12 2018 04:54:39 PM

किसान आंदोलन की शान और उसमें जान डालने वाले साबित हुए योगेंद्र यादव की पार्टी स्वराज इंडिया के नारे, जो दोनों दिन फिजा में तैरते रहे और हर आंदोलकारी की जुबां पर चढ़कर करते रहे हौंसला अफजाई…

जनज्वार। किसानों की कर्ज मुक्ति और उन्हें फसलों की लागत का डेढ़ गुना न्यूनतम समर्थन मूल्य दिए जाने की मांग को लेकर दो दिवसीय 29—30 नवंबर का किसानों का लाखों की संख्या में किया गया आंदोलन इस मायने में सफल कहा जा सकता है कि इसे समाज के विभिन्न वर्गों पत्रकारों, डॉक्टरों, वकीलों, पूर्व सैनिकों और छात्रों का भरपूर समर्थन दिया।

इस आंदोलन की शान और आंदोलन में जान डालने वाले साबित हुए योगेंद्र यादव की पार्टी स्वराज इंडिया के नारे, जो दोनों दिन फिजा में तैरते रहे और हर आंदोलकारी की जुबां पर भी चढ़े रहे।

हालांकि लाखोंलाख लोगों द्वारा शेयर किया गया स्वराज इंडिया का पर्चा भी उतना ही वायरल हुआ सोशल मीडिया पर। किसानों को सम​र्थन दे रहे हर पार्टी, छात्र, पत्रकार, आंदोलनकारी द्वारा इसे सोशल मीडिया पर खूब प्रचारित—प्रसारित किया गया। स्वराज इंडिया के नारों वाली तख्तियां लाखों—लाख किसानों की जुबां पर चढ़े हुए थे।

स्वराज इंडिया के जबर्दस्त और असरकारी नारों को लेकर पेशे से डॉक्टर सामाजिक कार्यकर्ता और युवा संवाद के संपादक एके अरुण ने कहा, ‘नरेंद्र मोदी, किसान विरोधी’ और ‘नरेंद्र मोदी के तीन यार, अडानी, अंबानी और तड़ीपार’ जैसे नारों ने किसानों की रैली के मुद्दों को बहुत स्पष्ट किया और बताया कि उनकी दुर्दशा के असल कारण का जिम्मेदार कौन है।’

स्वराज इंडिया के वो नारे जो हुए वायरल अखबारों—सोशल मीडिया पर हुए वायरल

नरेंद्र मोदी, किसान विरोधी

नेता राज जाएगा, किसान राज आएगा

कर्जा माफ या मोदी साफ

मोदी जी का एक ही काम, सारे पाप नेहरू के नाम

स्वराज अभियान का सोशल मीडिया पर वायरल हुआ पर्चा