Last Update On : 30 12 2017 01:49:00 PM

धर्म आधारित अपराध की घटनाएं लगातार बढ़ रही हैं, फिर भी लोगों में इसके खिलाफ उबाल देखने को कहीं नहीं मिल रहा…

जनज्वार, लखनऊ। पुलिस ने शुक्रवार 29 दिसंबर की देर शाम राजधानी लखनऊ के सआदतगंज इलाके के खदीजतुल कुबरा लिलबनात मदरसे में छापेमारी कर उसके संचालक को गिरफ्तार क‍िया है. मदरसे में छापेमारी के दौरान पुलिस ने मौके से 51 लड़क‍ियों को मुक्त कराया है। आरोप है क‍ि मदरसा संचालक लड़क‍ियों को बंधक बनाकर रखा था और यौन शोषण करता था। फिलहाल लड़कियों को बयान दर्ज करने के बाद नारी निकेतन भेज दिया गया है।

मीडिया रिपोर्टों के अनुसार पुलिस और प्रशासन की टीम ने छापा मारकर शुक्रवार रात 51 छात्राओं को मुक्त करवाया। पीड़ित छात्राओं ने संचालक-प्रबंधक यासीनगंज निवासी कारी तैय्यब जिया पर यौन शोषण और जान से मारने की धमकी देने का आरोप लगाया है। पुलिस ने तैय्यब पर मारपीट, धमकी देने, जालसाजी देने के अलावा पॉस्को ऐक्ट और 7 सीएलए ऐक्ट में केस दर्ज कर उसे गिरफ्तार कर लिया है।

पुलिस के अनुसार मदरसे के संस्थापक सैयद मोहम्मद जिलानी अशरफ ने वारदात की जानकारी दी। अशरफ ने पुलिस को बताया कि छात्राओं ने कागज के टुकड़े पर अपनी व्यथा लिखी और उसे मदरसे की छत से फेंका। कागज पाकर मोहल्ले वालों ने मुझे जानकारी दी।

मिले कागज में छात्राओं ने लिखा था कि तैय्यब जिया व उसके चार साथी उनका यौन शोषण करते हैं। विरोध करने पर उन्हें असलहे दिखाकर जान से मारने की धमकी देते हैं। इस मामले को लेकर जब मोहम्मद जिलानी सआदतगंज कोतवाली पहुंचे तो उनकी सुनवाई नहीं हुई। फिर वह सीओ बाजारखाला के पास पहुंचे। सीओ के आदेश पर सआदतगंज पुलिस हरकत में आई और मुकदमा दर्ज किया और छात्राओं को बंधकों के चंगुल से छुड़ाया गया।

एडीएम पश्चिमी संतोष कुमार वैश्य के अुनसार मदरसे में 125 छात्राएं पढ़ती हैं, लेकिन अभी मौके पर 51 छात्राएं ही थीं।

गौरतलब है कि देश में धर्म आधारित उन शिक्षा संस्थानों को मदरसा कहा जाता है जो मुस्लिम धर्म के पठन—पाठन को ही शिक्षा का मूलाधार मानते हैं। बड़ी बात यह है कि यह धार्मिक शिक्षा संस्थान चाहे जिस धर्म के हों उन सबमें बिना संदेह सिर्फ गरीबों के ही बच्चे पढ़ते हैं। इसीलिए उनके साथ होने वाले अपराधों के मामले में कहीं कोई मुद्दा उठता भी है तो वह आई—गई खबर होकर रह जाता है।

उत्तर प्रदेश की राजधानी लखनऊ के सआदतगंज इलाके के खदीजतुल कुबरा लिलबनात मदरसे में लड़कियों के यौन शोषण की जो यह वारदात सामने आई, उसमें खानापूर्ति से ज्यादा कुछ होगा इसकी उम्मीद कम है।