Last Update On : 02 12 2017 12:16:00 PM

अबतक न पोस्टमार्टम रिपोर्ट आई है, न मुकदमा दर्ज हुआ है और न ही हत्या का आरोपी गिरफ्तार है और न ही थाने को कोई तहरीर मिली

जनज्वार, उत्तर प्रदेश। ये तस्वीर आंखों को अपने ऊपर टिकने नहीं देती, शर्मसार करती है। देखकर लगता है कि ममता देवी के साथ हुए अपराध में देश साथ खड़ा है और हम भागीदार। दो—चार पहले तक ऐसे अपराध घर, गांव और लोक—लिहाज के कैदखाने में दफन हो जाते थे, लेकिन सोशल मीडिया के आने के बाद से रोज ही किसी न किसी के वाल पर ऐसे जघन्यतम अपराधों की कोई न कोई तस्वीर दिख ही जाती है।

यह वारदात उत्तर प्रदेश के कौशांबी जिले के चम्पहा बाजार की है। 29 नवंबर को गांव के लोगों ने इस महिला ममता देवी का शव गांव के बाहर पूरबसरीरा-गोराजू रोड पर सुबह—सुबह खेत में महुवे के पेड़ पर लटके देखा। नीचे उतारा तो 35 वर्षीय ममता के शरीर पर कई जगह चोट के निशान थे। पति घर से गायब था। गांव वालों को सूचना दी। मायके वालों ने पति पर हत्या का आरोप लगाया। बुलाने पर पुलिस आई, शव को पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया, लेकिन उसके बाद अबतक कुछ नहीं हुआ।

पूरबसरीरा थाने के थानाध्यक्ष जनज्वार से बातचीत में बताते हैं कि वह पिछले 4 दिन से छुट्टी पर थे, इसलिए उनको कुछ नहीं पता। पर अगले ही सवाल में वह बताते हैं कि इस मामले में अबतक कोई एफआईआर नहीं हुई, क्योंकि अभी पोस्टमार्टम रिपार्ट नहीं आई है। चूंकि पोस्टमार्टम रिपोर्ट नहीं आई इसलिए गिरफ्तारी नहीं हुई है। योगी के सरकार के एसएचओ से यह पूछने पर कि इतने जघन्य मामले में मुकदमा दर्ज क्यों नहीं हुआ तो वह कहते हैं कि अभी तक कोई तहरीर किसी ने नहीं दी।

एसएचओ के मुताबिक गांव वाले इस हत्याकांड को समझौते में बदलने में लगे हैं।

पोस्टमार्टम की देरी को लेकर थानाध्यक्ष का कहना है कि जो पोस्टमार्टम रिपोर्ट की फोटोकॉपी आ जाती है लेकिन उसकी छपाई ऐसी होती है कि वह पढ़ने लायक नहीं होती। ओरिजिनल कॉपी उच्चाधिकारियों के पास से होकर आती है, जिसे आने में सप्ताह भर लग जाते हैं। चंपहा वाले वारदात में अबतक नहीं आई है।

ममता का पति महेंद्र कुमार पेशे से दुकानदार है और वह बाजार में दुकान चलाता है। महेंद्र नशे का आदी है। नशाखोर महेंद्र अक्सर अपनी बीवी ममता को मारता—पीटता था। 28 की रात वह अपनी बीवी के साथ खेत गया था। किसी बात को लेकर दोनों में बाताबाती हो गयी। गांव वालों के मुताबिक देखते ही देखते महेंद्र अपनी बीवी को खेत में दौड़ा-दौड़ाकर मारने वाला।

ममता को बुरी तरह मार खाता देख आसपास के लोगों ने मामला शांत कराया और राते होने के कारण अपने घर चले गए। गांव वालों ने बताया कि बाद में भी रोने—चिल्लाने की आवाजें आती रहीं, लेकिन यह रोज का किस्सा था इसलिए लोगों ने ज्यादा ध्यान नहीं दिया।

लेकिन घटनाक्रम देख ऐसा लग रहा है कि नशाखोर और हिंसक महेंद्र कुमार ने अपनी बीवी ममता की गला घोंटकर हत्या कर दी। ग्रामीणों के मुताबिक हो सकता है कि जुर्म छुपाने के लिए महेंद्र ने ममता की साड़ी खोलकर उसे महुवे के पेड़ से लटका दिया, जिससे लगे कि उसने आत्महत्या की है।

ममता के पिता रामचरन के मुताबिक दामाद महेंद्र अक्सर ही बेटी से मारपीट करता था। पर हमें लगा था कि मामला ठीक हो जाएगा पर उसने तो हमारी बेटी को ही खत्म कर दिया। पूरबसरीरा थानाध्यक्ष के मुताबिक ममता के पिता या उसके किसी भी परिजन द्वारा मुकदमा दर्ज करने की कोई शिकायत नहीं आई है।