Last Update On : 10 03 2018 09:24:00 AM

9 मार्च को होनी थी अदालत में सुनवाई तो 8 मार्च को डाल दिया मिट्टी का तेल, 25 जनवरी 2017 को भी महिला को जलाने का किया था प्रयास, उसी मामले की होनी थी सुनवाई

देश में एक तरफ हजारों करोड़ रुपया लेकर सरकार पोषित अपराधी भाग जा रहे हैं लेकिन समाज या सरकार गरीबों को सूदखोरों के चंगुल से बचाना तो दूर उनकी जान की रक्षा भी नहीं कर पा रही

जनज्वार। जब पूरा देश 8 मार्च को महिला दिवस की दनादन बधाइयां दे रहा था, तभी उत्तर प्रदेश के सबसे पिछड़े और गरीब जिलों में शामिल बलिया में सूदखोर एक गरीब और दलित महिला को जिंदा जला रहे थे।

योगी के दावे चाहे जो हों, लेकिन सच हर बार सरेआम हो ही जाता है और पूरा देश दंग रह जाता है कि यह कैसे ‘महात्मा’ की सरकार है जहां अपराध कम होना तो दूर दिन—प्रति—दिन बढ़ता ही जा रहा है।

वो खटिया जहाँ पर रेशमी देवी को मिटटी का तेल उड़ेलकर आग लगा दी गयी 

 पूर्वी उत्तर प्रदेश के बलिया जिले के भीमपुरा थाना क्षेत्र के गांव जाजौली में एक दलित महिला रेशमी देवी को गांव के ही दबंग सूदखोरों द्वारा जिंदा जलाने का मामला सामने आया है। रेशमी ने 2 साल पहले सूद पर पैसा उधार ले रखा था। रामाशीष की पत्नी रेशमी देवी ने सूद पर पैसा जाजौली के ही रहने वाली सत्यम सिंह उर्फ गुड्डू के परिवार से इसलिए लिया था कि रेशमी देवी के परिवार पर संकट आन पड़ा था।

जनज्वार को मिली एफआईआर के मुताबिक मरणासन्न हालत में रेशमी ने पुलिस को दिए बयान में कहा, उसने दो साल पहले गांव के ही बृजेश सिंह से 20 हजार रुपए उधार लिए थे, जो मैंने 2 साल में किसी तरह मेहनत मजदूरी करके 20 हजार के 2 लाख ब्याज समेत चुका दिए थे। लेकिन ये लोग मुझसे और पैसा मांग रहे थे। जब मैंने इसका विरोध किया तो पहले बृजेश सिंह के बेटों ने परिवार समेत हमें पीटा और फिर मुझपर मिट्टी का तेल छिड़ककर आग लगा दी।

गरीबी की मारी रेशमी देवी के घर 8 मार्च की देर रात करीब 1:30 बजे रात को सत्यम सिंह उर्फ गुड्डू, शिवम सिंह उर्फ सुडडू पहुंचे। जाजौली के बृजेश सिंह के इन दोनों बेटों से रेशमी देवी के घर कुछ कहासुनी हुई जिसके बाद दोनों भाइयों ने कुछ अन्य लोगों के साथ मिलकर रेशमी देवी पर मिट्टी का तेल उड़ेलकर आग लगा दी।

गौरतलब है कि 25 जनवरी 2017 को भी आरोपियों ने रेशमी देवी को को जलाने का प्रयास किया था। उसी मामले की 9 मार्च को सुनवाई होनी थी।

एफआईआर की कॉपी

जब यह विवाद हुआ तो उस समय भी आरोपी रेशमी देवी के परिवार को धमकाने आए थे कि तुम हमारे खिलाफ अदालत में पेश मत होना, जब रेशमी ने कहा कि वह अदालत में जाएगी तो उस पर मिट्टी का तेल उड़ेलकर आग लगा दी गई।

इस घटना में रेशमी देवी पूर्ण रूप से जल चुकी है। रेशमी देवी की दोनों आंखें जलकर बेकार हो चुकी हैं। गंभीर हालत में रेशमी को वाराणसी रेफर कर दिया गया है। डॉक्टरों का कहना है कि रेशमी इतनी बुरी तरह से जल चुकी हैं कि उनके बचने की उम्मीद कम है।

इस घटना के बाद दलित समाज बहुत उद्वेलित है। इस मामले में पुलिस ने दोनों आरोपियों को गिरफ्तार कर लिया है। पुलिस मामले की छानबीन कर रही है।