बुलडोजर कार्रवाइयों पर रोक लगाने की मांग को लेकर संयुक्त संघर्ष समिति करेगी हरिद्वार में जन सम्मेलन का आयोजन
चुनाव के समय जनता को माई बाप बताकर नेता जनता से वोट लेते हैं और सत्ता पाने के बाद उन्हीं वोट देने वाली जनता को अवैध और घुसपैठिया बताकर उसे बेदखल करने की साजिशें करने लगते हैं...
रामनगर। वन ग्राम पूछड़ी में ग्रामीणों ने बैठक कर उत्तराखंड में वन अधिकार कानून 2006 को लागू करने तथा वनभूमि पर बसे सभी लोगों को मालिकाना हक दिये जाने, 2016 का मालिन बस्ती अधिनियम पर अमल करने तथा किसी भी व्यक्ति को बेदखल किए जाने से पूर्व उसकी सहमति के साथ उसका पुनर्वास सुनिश्चित किये जाने आदि मांगों को लेकर संयुक्त संघर्ष समिति द्वारा 17 फरवरी, मंगलवार को सैनी धर्मशाला हरिद्वार मे आयोजित सम्मेलन में शामिल होने का निर्णय लिया है।
इस जन सम्मेलन में कुमाऊं और गढ़वाल के कौने कौने से प्रभावित जन समुदाय के लोगों के साथ सामाजिक संगठनों के कार्यकर्ता व जन प्रतिनिधि भी शामिल होंगे।
समाजवादी लोकमंच के संयोजक मुनीष कुमार ने बताया कि हरिद्वार सम्मेलन में बेदखली मार झेल रहे ग्रामीण और शहरी बस्तियों के लोगों को पहली बार एक मंच लाने का प्रयास किया जा रहा है। इसके लिए ऋषिकेश, हरिद्वार, देहरादून, टिहरी, बग्गा चौवन आदि स्थानों पर भी संपर्क किया गया है। उन्होंने कहा कि चुनाव के समय जनता को माई बाप बताकर नेता जनता से वोट लेते हैं और सत्ता पाने के बाद उन्हीं वोट देने वाली जनता को अवैध और घुसपैठिया बताकर उसे बेदखल करने की साजिशें करने लगते हैं, जिसके खिलाफ सशक्त आंदोलन आवश्यक है।