राजनीति

PM Kisan Samman Nidhi के नाम पर अन्नदाता को अपमानित करना बंद करे मोदी सरकार - Congress

Janjwar Desk
1 Sep 2022 10:31 AM GMT
PM Kisan Samman Nidhi के नाम पर अन्नदाता को अपमानित करना बंद करे मोदी सरकार - Congress
x

PM Kisan Samman Nidhi के नाम पर अन्नदाता को अपमानित करना बंद करे मोदी सरकार - Congress 

PM Kisan Samman Nidhi : अखिलेश प्रताप सिंह ने केंद्र सरकार को चेताते हुए कहा कि किसानों से पैसे की वसूली तत्काल बंद करे। ऐसा न कर मोदी सरकार अपने पांव पर कुल्हाड़ी मारने का काम करेगी।

PM Kisan Samman Nidhi : प्रधानमंत्री किसान सम्मान निधि को लेकर कांग्रेस ने बड़ा दावा किया है। कांग्रेस ( Congress ) ने कहा कि मोदी सरकार ( Modi government ) किसान सम्मान निधि में किसानों को अपात्र बताकर जारी पैसा वापस करने के लिए कार्यवाही शुरु कर दी है। पैसा वापस लेने का काम मोदी सरकार तत्काल बंद करे। मोदी सरकार के नीयत ठीक नहीं है। उसके इस फेसले से किसान सम्मान निधि ( PM Kisan Samman Nidhi ) के बजाय किसान अपमान निधि ( Apmaan Nidhi ) बन गया है।

कांग्रेस ( Congress ) ने दावा किया है कि मोदी सरकार ( Modi government ) बड़ी संख्या में किसानों को अपात्र बताकर अब उनसे किसान सम्मान निधि के पैसे वापस ले रही है। किसानों को अपात्र बताकर उन्हें नोटिस जारी किए जा रहे हैं। कांग्रेस पार्टी के प्रवक्ता अखिलेश प्रताप सिंह ने एक प्रेस कॉन्फ्रेंस के दौरान ये बात कही है। अखिलेश प्रताप सिंह ने केंद्र सरकार को चेताते हुए कहा कि किसानों से पैसे की वसूली तत्काल बंद करे। ऐसा न कर मोदी सरकार के लिए अपने पांव पर कुल्हाड़ी मारने का काम करेगी ।

2 करोड़ किसानों से पैसा वसूली अन्याय

अखिलेश प्रताप सिंह ( Akhilesh pratap singh ) ने कहा कि मोदी सरकार ( Modi government ) अपने मित्र उद्योगपतियों का लाखों करोड़ रुपया कर्ज माफ कर रही है। वहीं देश के गरीब अन्नदाता ( Anndata ) से किसान हित का पैसा वापस ले रही है। 2019 में मोदी सरकार ने लोकसभा चुनाव के पहले केन्द्र सरकार ने आनन-फानन में किसानों का बैंक अकाउंट नंबर लेकर चुनाव से पहले उनको पैसे अकाउंट में पहुंचा दिए। अब उन्हीं किसानों को केन्द्र सरकार कह रही है कि जो लोग इसके पात्र नहीं हैं और उन्होंने किसान सम्मान निधि ( PM Kisan Samman Nidhi ) प्राप्त की है वो पैसा वापस करें। सरकार किसानों को पैसे वापस करने के लिए नोटिस भेज रही है। पूरे देश में लगभग दो करोड़ किसानों को अपात्र बताकर किसानों से वसूली करने की प्रक्रिया को तत्काल रोका जाए। यह किसानों का अपमान के साथ अन्याय भी है।

फसलों का मुआवजा प्रदान करे सरकार

इसके अलावा कांग्रेस ( Congress ) नेता ने उत्तर प्रदेश सरकार से अपील की है कि यूपी को तत्काल सूखाग्रस्त प्रदेश घोषित करे। इस वर्ष औसत वर्षा से 44 प्रतिशत कम वर्षा अभी तक हुई है। जिस कारण से खरीफ की सभी फसलें सूख गई हैं। इसके साथ ही प्रदेश को सूखाग्रस्त घोषित करने के बाद प्रदेश के समस्त किसानों को उनकी फसलों का मुआवजा तुरंत प्रदान किया जाए। किसानों के समस्त कृषि देय, जैसे. कृषि उपकरण, खाद, बीज, कीटनाशक के लोन पर 6 माह अगली फसल तक के लिए ब्याज स्थगित किया जाए। समस्त क्रेडिट कार्ड किसानों का ब्याज भी स्थगित किया जाए।

इसी तरह 2022 के विधानसभा चुनाव के पहले उत्तर प्रदेश सरकार ने मतों को प्रभावित करने के लिए पात्र कार्डधारकों को मुफ्त खाद्यान्न योजना शुरु की थी, जिसे अब उत्तर प्रदेश सरकार ने बंद कर दी है। वोट लेकर मतलब निकलने के बाद अब मुफ्त का राशन भी बंद कर दिया गया है। जबकि बेरोजगारी, गरीबी और महंगाई में लगातार बढ़ोतरी जारी है। गरीबों की क्रय शक्ति और घटी है।

एनसीआरबी के आंकड़े बताते हैं कि दिहाड़ी मजदूरों की आत्महत्याएं बहुत बढ़ गई हैं। ऐसे समय में मुफ्त राशन योजना को बंद करना, प्रदेश सरकार की स्वार्थ और मतलब की राजनीति को उजागर करता है। अब गरीबों को कांग्रेस की बनाई खाद्य सुरक्षा कानून, जिसके तहत लगभग 67 प्रतिशत लोगों को 2 रुपए किलो गेहूं और 3 रुपए किलो चावल मिलेंगे। एक कांग्रेस पार्टी ही है जो गरीबों के हित की स्थाई योजनाएं बनाती है।

Next Story

विविध