Kerala : मल्लापुरम फैंसी ड्रेस प्रतियोगिता में ' सावरकर कॉस्ट्यूम ' पर बवाल, सीएम विजनय ने पीएम मोदी को किया आगाह
केरल के सीएम पी विजयन ने पीएम मोदी को वीर सावरकर की तारीफ करने के परिणामों को लेकर आगाह किया है।
Mallapuram News : केरल ( Kerala ) के मल्लापुरम ( Mallapuram ) के एक स्कूल में आयोजित फैंसी ड्रेस प्रतियोगिता ( fancy dress competition ) में एक छात्र द्वारा बीडी सावरकर ( BD Sawarkar ) जैसे कॉस्ट्यूम ( Costume ) में भाग लेने के मसले पर सियासी बवाल मच गया है। इस घटना के बाद से आईयूएमएल ( IUML ) ने जमकर हंगामा मचाया और विरोध मार्च का आयोजन किया, वहीं कांग्रेस ( Congress ) और वामपंथी दलों ( Left parties ) ने भाजपा ( BJP ) पर निशाना साधा है। केरल के सीएम पी विजयन ( CM Vijyan ) ने पीएम मोदी ( PM Modi ) को वीर सावरकर की तारीफ करने के परिणामों को लेकर आगाह किया है। उन्होंने पीएम से अपील की है कि वो ऐसा न करें। भाजपा ने इस मसले पर स्कूल की ओर से सफाई पेश की है, लेकिन बवाल थमने का नाम नहीं ले रहा है।
स्वतंत्रता दिवस के मौके पर विनायक दामोदर सावरकर के कॉस्ट्यूम को लेकर कई जगहों से विवाद की सूचना है। मल्लापुरम के कीजोपरंबा के सरकारी हायर सेकंड्री स्कूल के आसपास कई युवा कार्यकर्ताओं ने जोरदाद प्रदर्शन किया। हालांकि, इस कार्यक्रम में कई बच्चे महात्मा गांधी और पंडित नेहरू की तरह सजकर भी पहुंचे थे, लेकिन विवाद केवल बीडी सावरकर के ड्रेस को लेकर जारी है।
वेलु तांपी दलवा का ड्रेस हटाकर सावरकर का ड्रेस लगाया गया
यह विवाद उस समय पैदा हुआ जब सावरकर की ड्रेस वाले बच्चे की तस्वीर सोशल मीडिया पर तैरने लगी। विरोध करने वालों का कहना है कि वेलु तांपी दलवा की ड्रेस को हटाकर सावरकर का ड्रेस लाया गया था। तांपी त्रावणकोर के स्वतंत्रता संग्राम सेनानी थे जिन्होंने अंग्रेजों से जंग लड़ी थी। अभी स्कूल प्रशासन का इसपर कोई जवाब नहीं आया है। युवा कांग्रेस के कार्यकर्ताओं का कहना है कि जिले में तनाव पैदा करने के लिए ही ऐसा किया गया था। वहीं भाजपा ने स्कूल की तरफ से सफाई देते हुए विरोधियों के आरोपों को खारिज कर दिया है।
सीएम विजयन ने पीएम पर साधा निशाना
मुख्यमंत्री पिनारायी विजयन ने वीडी सावरकर का नाम लेने के लिए प्रधानमंत्री मोदी की भी आलोचना की है। उन्होंने कहा कि इस तरह की विचारधारा रखने वाले की लालकिले से इस तरह प्रशंसा करना गलत है। बीडी सावरकर और उनकी विचारधारा कई बार आजादी के संघर्ष की बाधा बन चुकी है। अब इतिहास को बदला जा रहा है। एेसे लोगों का महिमामंडन किया जा रहा है। उन्होंने कहा कि संघ परिवार समाज का ध्रुवीकरण करने में लगा है।
पीएम मोदी ने लाल किले से की थी सावरकर की तारीफ
स्वतंत्रता दिवस के अवसर पर लालकिले से प्रधानंमंत्री मोदी ने महात्मा गांधी, पंडित जवाहरलाल नेहरू और वल्लभभाई पटेल के साथ वीर सावरकर और कई अन्य स्वतंत्रता संग्राम सेनानियों को नाम लिया। बाद में शिवसेना को भी इस मामले में प्रधानमंत्री मोदी के सुर में सुर मिलाना पड़ गया।
केरल के सियासी दलों ने की इस बात की मांग
दूसरी तरफ इंडियन यूनियन मुस्लिम लीग की युवा शाखा मुस्लिम यूथ लीग और युवा कांग्रेस के कार्यकर्ताओं ने 16 अगस्त 2022 को कीझूपरम्बा में सरकारी व्यावसायिक उच्च माध्यमिक विद्यालय की ओर विरोध मार्च निकाला और बच्चे को सावरकर की वेशभूषा में तैयार करने वालों के खिलाफ कार्रवाई की मांग की।
कौन थे वीडी सावरकर
28 मई, 1883 को महाराष्ट्र के भागुर में जन्मे वीडी सावरकर को अपनी हिंदूवादी सोच के लिए जाना जाता था। वह हिंदू महासभा से ताल्लुक रखते थे। वह दयानंद सरस्वती, हर्बर्ट स्पेंसर और गुइसेप्पे मज्जिनी से प्रभावित थे। उनके बताए और दिखाए रास्ते की वजह से वीडी को उनके समर्थकों का एक धड़ा आज भी उन्हे हीरो मानता है। वहीं आलोचकों का एक बड़ा वर्ग उन्हें भारतीय स्वतंत्रता संग्राम का खलनायक मानता है।
स्कूल प्रबंधन मौन क्यों?
आजादी के 75 साल पूरे होने पर आयोजित समारोह में स्वतंत्रता सेनानी की तरह तैयार हुए एक बच्चे की पोशाक पर वीडी सावरकर लिखा था। इसकी तस्वीर सोशल मीडिया पर प्रसारित होने के बाद विवाद खड़ा हुआ। स्थानीय मीडिया ने बताया कि यह तस्वीर उस कक्षा से ली गई जहां छात्र तैयार हो रहे थे लेकिन विवाद उठने की आशंका के कारण बच्चे की पोशाक से सावरकर का नाम हटा दिया गया। स्कूल प्राधिकारियों ने विवाद पर कोई प्रतिक्रिया नहीं दी है।