प्रणब मुखर्जी की बेटी के बीजेपी ज्वाइन करने की खबर मीडिया में हुई वायरल, शर्मिष्ठा बोलीं कांग्रेस छोड़ने से बेहतर राजनीति ही छोड़ दूं

Update: 2018-06-06 17:12 GMT

शर्मिष्ठा के बीजेपी ज्वाइन करने के कयासों को इसलिए मिला बल क्योंकि उनके पिता पूर्व राष्ट्रपति प्रणब मुखर्जी आरएसएस के कार्यक्रम में हिस्सेदारी करने बतौर मुख्य अतिथि पहुंच चुके हैं नागपुर....

जनज्वार, दिल्ली। मीडिया में खबर वायरल हो रही है कि पूर्व राष्ट्रपति प्रणब मुखर्जी की बेटी शर्मिष्ठा मुखर्जी जल्द ही बीजेपी ज्वाइन कर सकती हैं और बीजेपी की टिकट से चुनाव लड़ सकती हैं। मीडिया में आ रही खबरों में दावा यह भी किया जा रहा है कि बीजेपी सूत्रों ने कहा है कि प्रणब मुखर्जी की इच्छा है शर्मिष्ठा मुखर्जी मालदा लोकसभा सीट से बीजेपी की टिकट पर चुनाव लड़ें और अंतिम फैसला शर्मिष्ठा मुखर्जी को लेना है, जबकि शर्मिष्ठा का कहना है कि कांग्रेस छोड़ने से बेहतर है कि राजनीति ही छोड़ दें।

इतना ही नहीं मीडिया में भाजपा सूत्रों के हवाले से वायरल हो रही खबरों की मानें तेा इस बारे में दो बार बीजेपी और प्रणब मुखर्जी के बीच बातचीत भी हो चुकी है। गौरतलब है कि पूर्व राष्ट्रपति की बेटी शर्मिष्ठा मुखर्जी फिलहाल कांग्रेस प्रवक्ता हैं। इन सब कयासों को इसलिए बल मिला क्योंकि शर्मिष्ठा के पिता जोकि पूर्व राष्ट्रपति और वरिष्ठ कांग्रेस नेता रहे हैं नागपुर पहुंच चुके हैं और कल आरएसएस के कार्यक्रम में बतौर मुख्य अतिथि शामिल हैं।

तमाम कयासों पर विराम लगाते हुए शर्मिष्ठा मुखर्जी ने अपने आधिकारिक ट्वीटर हैंडल से ट्वीट किया है,'जब पहाड़ों में हम एक खूबसूरत सूर्यास्त का आनंद ले रहे हैं, अचानक से यह खबर मिलती है कि मेरे बीजेपी में शामिल होने की खबरें मीडिया में वायरल हो रही हैं। क्या इस दुनिया में कुछ शांति और स्वच्छता नहीं हो सकती है? मैं राजनीति में शामिल हुई क्योंकि मुझे @INCIndia में विश्वास है। कांग्रेस छोड़ने से बेहतर है कि राजनीति छोड़ दूं।'

प्रणब मुखर्जी की बेटी शर्मिष्ठा मुखर्जी कांग्रेस लीडर के अलावा कत्थक डांसर और कोरियोग्राफर हैं। शर्मिष्ठा ने जुलाई 2014 में कांग्रेस ज्वाइन की थी और 2015 में वे कांग्रेस के टिकट पर दिल्ली में ग्रेटर कैलाश विधानसभा से चुनाव भी लड़ चुकी हैं। हालांकि उस चुनाव में उन्हें आम आदमी पार्टी के सौरभ भारद्वाज से शिकस्त मिली थी।

प्रणब मुखर्जी के संघ के कार्यक्रम में हिस्सा लेने की खबर से ही तमाम अटकलबाजियां लगाई जा रही हैं। कई वरिष्ठ कांग्रेसियों का यह भी कहना था कि उन्हें आरएसएस का निमंत्रण स्वीकार नहीं करना चाहिए था, जबकि कुछ की राय में निमंत्रण स्वीकार कर उन्होंने सहृदयता का परिचय दिया है। तो कुछ लोगों ने यह भी कयास लगाने शुरू कर दिए कि शर्मिष्ठा को बीजेपी में शामिल कराने के लिए प्रणब ने संघ का निमंत्रण स्वीकारा है।

गौरतलब है कि प्रणब मुखर्जी आरएसएस के तृतीय शिक्षा वर्ग कार्यक्रम में बतौर मुख्य अतिथि बुलाए गए हैं। तृतीय शिक्षा वर्ग संघ के प्रचारक बनाने की प्रक्रिया का सबसे उच्च ट्रेनिंग प्रोग्राम माना जाता है। किसी को भी संघ प्रचारक बनने से पहले तृतीय शिक्षा वर्ग में प्रशिक्षण लेना जरूरी होता है। इस कार्यक्रम का ध्येय वाक्य 'मैं संघ हूं, संघ मेरा है' है। इसीलिए कहा जा रहा है कि एक कांग्रेसी राजनेता आखिर संघ के ऐसे कार्यक्रम में क्यों हिस्सेदारी कर रहा है।

शर्मिष्ठा के बीजेपी ज्वाइन करने को कोरी अफवाह बताते हुए वरिष्ठ कांग्रेसी नेता अजय माकन ने ट्वीट किया, शर्मिष्ठा एक समर्पित कांग्रेस कार्यकर्ता हैं और @INCIndia की विचारधारा में दृढ़ता से विश्वास करती हैं। उन्होंने मुझे बताया कि वह राजनीति में सिर्फ कांग्रेस पार्टी की विचारधारा में दृढ़ विश्वास के कारण ही हैं।'

Tags:    

Similar News