आडवाणी, मुरली मनोहर जोशी और उमा भारती वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग से सुनेंगे फ़ैसला, 49 में से 26 आरोपी पहुंचे हैं कोर्ट
कोरोना महामारी और स्वास्थ्य कारणों से कुछ आरोपियों ने ऐसा कर पाने में असमर्थता जताई थी।
दिल्ली। बाबरी मस्जिद विध्वंस मामले में लखनऊ की स्पेशल सीबीआई कोर्ट में मामले की सुनवाई शुरू हो चुकी है। लाल कृष्ण आडवाणी, मुरली मनोहर जोशी, उमा भारती, कल्याण सिंह, नृत्यगोपाल दास, सतीश प्रधान के अलावा सभी आरोपी कोर्ट में, जल्द ही मामले पर फैसला सुनाया जाएगा। इस केस की चार्जशीट में बीजेपी के एलके आडवाणी, मुरली मनोहर जोशी, उमा भारती, कल्याण सिंह समेत कुल 49 लोगों का नाम शामिल है।
जिनमें से 17 लोगों का निधन हो चुका है, बाकि 32 आरोपियों को कोर्ट ने मौजूद रहने के लिए कहा गया था, लेकिन 26 आरोपी ही कोर्ट पहुंचे हैं। बता दें कि कोरोना महामारी और स्वास्थ्य कारणों से कुछ आरोपियों ने ऐसा कर पाने में असमर्थता जताई थी। 92 वर्षीय लालकृष्ण आडवाणी और 86 वर्षीय मुरली मनोहर जोशी ने कथित रूप से पेशी से छूट मांगी थी। उमा भारती कोरोना से पीड़ित हैं और अस्पताल में हैं जबकि कल्याण सिंह का भी कोरोना का इलाज जारी है।
फ़ैसला सुनाने के लिए सामान्यतः अभियुक्तों को अदालत में उपस्थित रहना होता है, मगर बाबरी मस्जिद विध्वंस मामले में अदालत ने 6 अभियुक्तों लालकृष्ण आडवाणी, मुरली मनोहर जोशी, उमा भारती, महंत नृत्यगोपाल दास, कल्याण सिंह, सतीश प्रधान छको अदालत में पेश रहने से छूट दी है। ये सभी लोग वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग से फ़ैसला सुनेंगे। अन्य 26 अभियुक्त अदालत में उपस्थित हैं।आडवाणी, मुरली मनोहर जोशी और उमा भारती वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग से फ़ैसला सुनेंगे।