UP News : चुनाव नहीं लड़ने के सवाल पर मुलायम की बहू अपर्णा यादव ने दिया ये जवाब

UP News : मैंने टिकट के लिए इसलिए भी ज्यादा कोशिश नहीं की ताकि लोग ये न कहें कि मैं भाजपा में सिर्फ टिकट की राजनीति के लिए आई हूं। मेरा मूल मकसद देश की सेवा में रत रहना है।

Update: 2022-03-12 10:56 GMT

Lucknow News : अपर्णा यादव को वाट्सएप कॉल पर मिली जान से मारने की धमकी, सकते में पूरा परिवार

नई दिल्ली। उत्तर प्रदेश विधानसभा चुनाव का परिणाम आने से जीत-हार को लेकर तरह तरह के बयान आ रहे हैं। बयान देने वालों के हारने वालों के साथ जीतने वाले भी शामिल हैं। इसके उलट यूपी के पूर्वी सीएम मुलायम सिंह यादव ( Mulayam Singh Yadav ) न तो चुनाव लड़ी हैं, न हारी हैं, लेकिन उनका बयान चुनाव परिणाम आने के बाद से लगातार आ रहा है। उनका ताजा बयान यह है कि उन्होंने चुनाव लड़ने या न लड़ने का फैसला भाजपा नेतृत्व पर छोड़ दिया था।

दरअसल, चुनाव से ठीक पहले मुलायम सिंह यादव की बहू और सपा नेता रहीं अपर्णा यादव (  Aparna Yadav ) ने भारतीय जनता पार्टी ( BJp ) का दामन थाम लिया था। अब यूपी में भाजपा प्रचंड जीत के साथ सरकार बनाने जा रही है। उसके बाद से अपर्णा यादव लगातार सुर्खियों में बनी हुई हैं। चुनाव के नतीजे सामने आने के बाद जब अपर्णा यादव से यह पूछा गया कि अब तो बता दीजिये कि आपने चुनाव क्यों नहीं लड़ा था?

सपा छोड़ने के बदले टिकट लेने यहां नहीं आई थी

इस पर अपर्णा यादव ( Aparna yadav ) ने कहा कि अपना फैसला मैंने शीर्ष नेतृत्व पर छोड़ दिया था। मैं चाहती हूं कि मुझे जो मिले, मेरे काम के आधार पर मिले। मैं ये नहीं चाहती कि पार्टी छोड़कर आने पर मुझे टिकट दे दिया जाए। मुझे राष्ट्र अराधना के साथ आगे जाना था। आदरणीय मोदी जी और योगी जी के साथ अपना जीवन समर्पण कर यूपी के लिए मुझे काम करना है।

महिला योगी और मोदी के साथ हैं

जब उनसे यह पूछा गया कि क्या सपा में आपको अपना हक नहीं मिला? इसके जवाब में अपर्णा यादव ने कहा कि परिवार के विमुख मैं आज भी नहीं हूं। परिवार में जो भी बड़े हैं, मैं उनका सम्मान करती हूं। जो भी महिला अपने घर को अच्छा करना चाहती है वो भाजपा के साथ हैं। योगी जी और मोदी की नीतियों के साथ हैं।

भाजपा में आने के लिए सभी से पूछना जरूरी नहीं

अपर्णा यादव ने एक अन्य सवाल के जवाब में कहा कि मैं एक महिला हूं और स्वतंत्र हूं। हमारा देश एक लोकतांत्रिक देश है। हम सभी के फंडामेंटल राईट हैं तो मुझे नहीं लगता कि मुझे किसी से आज्ञा लेने की आवश्यकता थी। अब सब लोग मेरे साथ ही हैं।

उत्तर प्रदेश विधानसभा चुनाव से ठीक पहले योगी सरकार में मंत्री रहे स्वामी प्रसाद मौर्य, दारा सिंह, धर्मपाल सैनी सहित कई विधायक भाजपा छोड़कर सपा में शामिल हो गए थे। इसके जवाब में भाजपा ने मुलायम परिवार में ही सेंधमारी कर छोटी बहू अपर्णा यादव को अपनी पार्टी में शामिल कर लिया था।

सिर्फ टिकट के लिए भाजपा में नहीं आई हूं

अब भाजपा ( BJP ) का चुनाव जीतने के बाद अपर्णा यादव का कहना है कि मैंने टिकट के लिए इसलिए भी ज्यादा कोशिश नहीं की ताकि लोग ये न कहें कि मैं भाजपा में सिर्फ टिकट की राजनीति के लिए आई हूं। मैं, भाजपा में देश की सेवा करने आई हूं।

Tags:    

Similar News