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कर्ज और नौकरी छूटने से परेशान युवक ने इंटरनेट पर सर्च की नाइट्रोजन वाली आसान मौत, पत्नी बच्चों के नाम पत्र लिखकर दे दी जान

Janjwar Desk
19 Jun 2021 2:20 AM GMT
कर्ज और नौकरी छूटने से परेशान युवक ने इंटरनेट पर सर्च की नाइट्रोजन वाली आसान मौत, पत्नी बच्चों के नाम पत्र लिखकर दे दी जान
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इंटरनेट पर सर्च किया मौत का आसान तरीका.कर्ज और नौकरी छूटने से था परेशान.

‘मैं अपनी खुशी से आत्महत्या कर रहा हूं। मैंने इंटरनेट पर सर्च कर सीखा था कि नाइट्रोजन गैस से बिना दर्द मौत होती है। अगर आज इस तरीके से मैं मर गया तो घरवालों को सूचित कर देना। इसके नीचे उन्होंने अपने पिता, पत्नी, साले व भाई का मोबाइल नंबर लिखा था...

जनज्वार, नोएडा। गुरुवार आधी रात को सेक्टर-12 स्थित ओयो होटल के कमरे में एक युवक का शव मिला। सूचना के बाद मौके पर पहुंची पुलिस ने दरवाजा तोड़कर शव को कब्जे में लिया। मौके से एक सुसाइड नोट मिला है, जिसमें मौत के कारणों, इंटरनेट सर्च से लेकर बेरोजगारी व कर्ज में डूबे होने की बात लिखी गई है।

मूलरूप से असम के रहने वाले 32 वर्षीय रमेश दास अपने परिवार के साथ नोएडा की चोटपुर कॉलोनी में रहते थे। वह पहले रिलायंस कंपनी में नौकरी करते थे। गुरुवार 17 जून की दोपहर बाद करीब तीन बजे रमेश दास ने सेक्टर-12 के ओयो होटल में कमरा बुक किया था। इस दौरान अपने साथ पांच किलोग्राम का सिलिंडर भी लाए थे। जिसके बाद कमरे में जाकर बेड पर लेट गए और नाइट्रोजन से भरे सिलिंडर से पाइप लगाकर मास्क मुंह पर लगा लिया। कुछ देर बाद ही उसकी मौत हो गई।

रमेश के देर रात तक घर नहीं पहुंचने के बाद उसके जीमेल एकाउंट से लोकेशन का पता करते हुए परिजन आधी रात को ओयो होटल के आसपास पहुंचे तो गश्त कर रही पुलिस से मदद मांगी। इसके बाद पुलिस की टीम ओयो होटल पहुंची। काफी देर तक खटखटाने के बाद भी जब रमेश ने दरवाजा नहीं खोला तो पुलिसवालों ने दरवाजा तोड़ दिया।

रमेश बेड पर नाइट्रोजन मास्क लगाकर मृत पड़ा हुआ था। मौके से पुलिस ने एक सुसाइड नोट बरामद किया है। एसीपी रजनीश वर्मा ने बताया कि पुलिस ने शव को पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया है। उन्होंने बताया कि मृतक पहले रिलायंस कंपनी में नौकरी करता था। नौकरी छूटने के बाद दूसरी नौकरी नहीं मिलने से परेशान था।

पुलिस को मौके से एक सुसाइड नोट मिला है। जिसमें लिखा है कि 'मैं अपनी खुशी से आत्महत्या कर रहा हूं। मैंने इंटरनेट पर सर्च कर सीखा था कि नाइट्रोजन गैस से बिना दर्द मौत होती है। अगर आज इस तरीके से मैं मर गया तो घरवालों को सूचित कर देना। इसके नीचे उन्होंने अपने पिता, पत्नी, साले व भाई का मोबाइल नंबर लिखा था।

सुसाइड नोट में उसने बताया कि आत्महत्या की वजह पांच लाख रुपये का कर्ज है। इसे चुका नहीं पा रहा हूं। नौकरी भी चली गई। जो नौकरी मिल रही है। उसे करने का मन नहीं है। आखिर में घरवालों से कहना चाहता हूं कि मैं उनसे बहुत प्यार करता हूं। मैं छोड़कर जा रहा हूं, माफ कर देना।'

पुलिस जांच में पता चला है कि कर्ज व नौकरी से परेशान रमेश दास लगातार नौकरी ढूंढ रहा था। गुरुवार को उसने जोमैटो में एक दिन की नौकरी की और एक शख्स के यहां खाना भी डिलीवर किया। इसके बाद वह सेक्टर-12 के ओयो होटल में आकर नाइट्रोजन मास्क लगाकर आत्महत्या कर ली। रमेश के दो बच्चे हैं और उसकी पत्नी, माता पिता से लेकर परिवार के कई सदस्य नोएडा में ही रहते हैं।

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