उत्तर प्रदेश

भारतीय किसान यूनियन में दो फाड़, बीकेयू से निकाले गए राकेश और नरेश टिकैत, इन्हें मिली अध्यक्ष पद की जिम्मेदारी

Janjwar Desk
15 May 2022 10:19 AM GMT
Kisan Andolan की जरूरत पड़ी तो एक इंच भी नहीं हटेंगे पीछे, राकेश टिकैत की चेतावनी, बिजली संकट और लाउडस्पीकर विवाद पर क्या बोले
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Kisan Andolan की जरूरत पड़ी तो एक इंच भी नहीं हटेंगे पीछे, राकेश टिकैत की चेतावनी, बिजली संकट और लाउडस्पीकर विवाद पर क्या बोले

भाकियू के राष्ट्रीय प्रवक्ता राकेश टिकैत की कथित राजनीतिक गतिविधियों को लेकर लंबे समय से यूपी इकाई के किसान नेता असंतुष्ट चल रहे थे। नाराज धड़े की अगुवाई प्रदेश उपाध्यक्ष हरिनाम सिंह वर्मा कर रहे हैं।

New Delhi : भारतीय किसान यूनियन में दो फाड़ हो गया है। राकेश टिकैत ( Rakesh Tikait) को भारतीय किसान यूनियन ( Bhartiya Kisan Union ) से निकाल दिया गया है। साथ ही उनके बड़े भाई नरेश टिकैत ( Naresh Tikait ) को भी अध्यक्ष पद से हटा दिया गया है। भारतीय किसान यूनियन को नया अध्यक्ष राजेश सिंह चौहान ( Rajesh Singh Chauhan ) को बनाया गया है।

टिकैत बंधुओं की गतिविधियों में थे बीकेयू नेता

भारतीय किसान यूनियन ( Bhartiya Kisan Union ) के नेताओं के बीच मतभेद की बातें किसान आंदोलन के समय में ही सामने आ गई थी। अब किसान आंदोलन के प्रमुख चेहरा रहे राकेश टिकैत ( Rakesh Tikait) को भारतीय किसान यूनियन से निकाल दिया गया है। उनके भाई नरेश टिकैत को भी अध्यक्ष पद से हटा दिया गया है। नरेश की जगह राजेश चौहान को संगठन का अध्यक्ष बनाया गया है। दरअसल, बीकेयू टिकैत परिवार से नाराज था। राकेश टिकैत की गतिविधियों से भी किसान गुस्से में थे। इस घटना के बाद टिकैत परिवार के समर्थक नेताओं ने संगठन में दरार पड़ने के संकेत दिए हैं।

आज है महेेंद्र सिंह टिकैत की पुण्यतिथि

खास बात यह है कि भाकियू ( Bhartiya Kisan Union ) के संस्थापक दिवंगत चौधरी महेन्द्र सिंह टिकैत की पुण्यतिथि के मौके पर रविवार यानि 15 मई को लखनऊ स्थित गन्ना किसान संस्थान में बीकेयू नेताओं की बड़ी बैठक हुई। बैठक में टिकैत बंधुओं बीकेयू से बाहर का रास्ता दिखाने का फैसला लिया गया। टिकैत परिवार के खिलाफ किसानों में उभरी इस नाराजगी के बाद भारतीय किसान यूनियन में दो-फाड़ के संकेत हैं।

किसान नेताओं को मनाने में विफल रहे टिकैत

बीकेयू नेताओं की नाराजगी की सूचना मिलने पर राकेश टिकैत ( Rakesh Tikait) भी शुक्रवार रात उन्हें मनाने के लिए लखनऊ पहुंचे थे लेकिन वे अपनी इस कवायद में सफल नहीं हुए। नाराज किसान नेताओं की अगुवाई कर रहे बीकेयू उपाध्यक्ष हरिनाम सिंह वर्मा के आवास पर राकेश टिकैत संगठन के असंतुष्ट नेताओं को समझाने की कोशिश करते रहे। अंत में खाली हाथ वापस मुजफ्फरनगर लौट गए।

लखनऊ से वापसी के समय ही मिल गया था संकेत

लखनऊ में किसान नेताओं को मनाने में विफल रहे टिकैत ( Rakesh Tikait) वहां से रवाना होने से पहले कहा कि बीकेयू ( Bhartiya Kisan Union ) यूपी इकाई के कुछ लोगों में नाराजगी है। इसे जल्द ही दूर कर ली जाएगी। फिलहाल, रविवार को संगठन के संस्थापक स्व.चौधरी महेन्द्र सिंह टिकैत की पुण्यतिथि पर भाकियू मुख्यालय सिसौली मुजफ्फरनगर के अलावा हर जिले में कार्यक्रम आयोजित किये जा रहे हैं। जो लखनऊ के कार्यक्रम में शामिल होना चाहें वह लखनऊ के कार्यक्रम में शामिल हों, जो सिसौली आना चाहें वहां उनका स्वागत होगा। राकेश टिकैत ने कहा कि वह चाहे सरकार हो या फिर विपक्ष सभी राजनीतिक दल ही हैं और उनसे वार्ता किये बगैर कुछ भी नहीं हो सकता। उन्होंने कहा कि भाकियू अराजनीतिक थी, है और रहेगी।


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