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Savitribai Phule 195th birth anniversary : खुद को सावित्रीबाई फुले बनाकर महिलाओं को बेहतर समाज बनाने में देना होगा अपना योगदान !

Janjwar Desk
3 Jan 2026 8:23 PM IST
Savitribai Phule 195th birth anniversary : खुद को सावित्रीबाई फुले बनाकर महिलाओं को बेहतर समाज बनाने में देना होगा अपना योगदान !
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195th birth anniversary of the country's first woman teacher Savitribai Phule : पितृसत्तात्मक समाज आज भी हम स्त्रियों को गुलाम बना कर रखना चाहता है। पुरुष प्रधान समाज नहीं चाहता कि महिलाएं पुरुषों की बराबरी करें। अतः आज सावित्रीबाई फुले को याद करते हुए हम महिलाओं को आगे आना होगा और स्वयं को सावित्रीबाई फुले बनकर महिलाओं व समाज को बेहतर बनाने में अपना योगदान देना होगा...

रामनगर। देश की प्रथम महिला शिक्षिका सावित्रीबाई फुले की 195वीं जयंती पर महिला एकता मंच द्वारा चन्द्रनगर मालधन के पंचायत भवन में आज 3 जनवरी को संगोष्ठी एवं सांस्कृतिक कार्यक्रम का आयोजन किया गया।

कार्यक्रम का संचालन करते हुए सरस्वती जोशी ने कहा कि सावित्रीबाई फुले को भारत की प्रथम महिला शिक्षिका होने का गौरव प्राप्त हैं। उन्होंने अपने समय में पुरातनपंथ, कट्टरपंथ व जातिवाद का जिस तरह से सामना किया, उसकी प्रशंसा शब्दों में नहीं की जा सकती है। उन्होंने कहा कि आज देश में 2 तरीके की शिक्षा व्यवस्था चलाई जा रही है। अमीरों के लिए अलग स्कूल हैं, गरीबों के लिए अलग। उन्होंने कहा कि जब तक समाज के सभी वर्गों के लिए दोहरी शिक्षा प्रणाली को खत्म कर सभी को निशुल्क, गुणवत्तापूर्ण, वैज्ञानिक, तर्कपरक, समान व अपनी मातृभाषा में शिक्षा प्रदान नहीं की जाएगी, तब तक समाज में वास्तविक बराबरी संभव नहीं है।

महिला एकता मंच की संयोजक ललिता रावत ने बताया कि सावित्रीबाई फुले एक महान शिक्षिका व समाज सुधारक थीं। उन्होंने कीचड़ और पत्थर सहकर भी नारी शिक्षा की अलख जगाई। धर्मग्रंथों में महिलाओं एवं शूद्रों को शिक्षा का अधिकार नहीं था, इसके बावजूद भी उन्होंने अपने पति ज्योतिबा फुले से प्रेरणा लेकर पुणे में लड़कियों के लिए पहला स्कूल खोला। उन्होंने कहा कि पितृसत्तात्मक समाज आज भी हम स्त्रियों को गुलाम बना कर रखना चाहता है। पुरुष प्रधान समाज नहीं चाहता कि महिलाएं पुरुषों की बराबरी करें। अतः आज सावित्रीबाई फुले को याद करते हुए हम महिलाओं को आगे आना होगा और स्वयं को सावित्रीबाई फुले बनकर महिलाओं व समाज को बेहतर बनाने में अपना योगदान देना होगा।

विनिता टम्टा ने कहा कि महिलाओं के साथ अपराधों में लगातार वृद्धि हो रही है। महिलाएं न तो बाहर सुरक्षित हैं और न ही घर में। देश में महिलाओं के साथ अपराधों में वृद्धि बेहद चिंतित करने वाली है।

कौशल्या ने अपनी बात रखते हुए कहा कि भाजपा सरकार अंकिता भंडारी हत्याकांड की सीबीआई जांच करने की जगह वीआईपी को बचाने में लगी है। अंकिता भंडारी ने हत्या से पूर्व अपने मित्र के साथ हुई चैटिंग में कहा था कि उस पर वीआईपी को विशेष सेवा देने के लिए दबाव बनाया जा रहा है। आज जब उर्मिला द्वारा जारी की गई कॉल रिकॉर्डिंग में भाजपा नेता दुष्यंत गौतम और अजय सिंह का नाम सामने आ चुका है तो भाजपा सरकार इस मामले की सीबीआई जांच कराने से क्यों इंकार कर रही है। यदि भाजपा नेता निर्दोष है तो उन्हें सीबीआई जांच से डर क्यों लग रहा है।

कार्यक्रम में गिरीश चंद्र, अध्यापक प्रेम सागर, इंद्रजीत ममता आदि द्वारा भी अपने विचार व्यक्त किए गए।

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