Begin typing your search above and press return to search.
बिहार

बिहार : कैमूर में भड़के ग्रामीण, विद्युत उपकेंद्र और थाने पर हुआ बवाल

Janjwar Desk
7 Aug 2020 6:56 PM IST
बिहार : कैमूर में भड़के ग्रामीण, विद्युत उपकेंद्र और थाने पर हुआ बवाल
x

थाना के सामने इकट्ठे ग्रामीण

ग्रामीणों का आरोप है कि उपकेंद्र से शटडाउन लेकर खेत मे गिरे तार को ठीक कर रहे थे, बीच में ही आपूर्ति शुरू कर दी गई जिससे दो लोग जख्मी हो गए, जबकि बिजली एसडीओ ग्रामीणों के आरोप को बता रहे गलत...

जनज्वार ब्यूरो, पटना। बिहार के कैमूर जिले में ग्रामीणों ने विद्युत उपकेंद्र और थाना पर बवाल मचा दिया। जिला के नुआंव प्रखंड के विद्युत उपकेंद्र गारा में ग्रामीणों द्वारा शटडाउन लिया गया। शटडाउन इसलिए लिया गया क्योंकि खेत में विद्युत प्रवाहित तार टूटकर गिर गया था, जिसे ठीक करना था। ग्रामीणों का आरोप है कि उपकेंद्र द्वारा बीच में आपूर्ति चालू कर दिया गया और तार हटा रहे दो ग्रामीण विद्युत स्पर्शाघात से जख्मी हो गए। वहीं बिजली विभाग के एसडीओ का कहना है कि ग्रामीणों द्वारा गलत आरोप लगाकर तोड़-फोड़ कर दिया गया।

ग्रामीणों का कहना है कि जब शिकायत करने विद्युत उपकेंद्र पहुंचे, तो वहां के कर्मियों के साथ झंझट हो गया। ग्रामीणों का आरोप है कि कर्मी कुछ भी सुनने को तैयार नहीं थे। नाराज ग्रामीणों द्वारा बवाल करते हुए तोड़फोड़ किया गया। इसके बाद विद्युत उपकेंद्र के कर्मियों ने पुलिस को बुलाया और FIR दर्ज करा दी, जिसमें कई ग्रामीणों को नामजद एवं कई को अज्ञात के रुप में आरोपित कर दिया गया। इसके बाद ग्रामीण और नाराज हो गए तथा थाने के पास घंटों बवाल काटा।

इस मामले में पुलिस ने 2 लोगों को हिरासत में ले लिया है। बिजली विभाग के एसडीओ ने 10 नामजद और 50 अज्ञात लोगों के विरुद्ध मामला दर्ज कराया है, जिसमें लाखों रुपये के सरकारी संपत्ति की नुकसान, तोड़फोड़ और सरकारी कार्य में बाधा डालने का आरोप लगाया है।

बताया जा रहा है कि शटडाउन के बाद भी बिजली देने से दो लोगों के गंभीर रूप से घायल होने के बाद मामला भड़का। इस संबंध में ग्रामीणों ने बताया कि तेज आंधी-पानी के कारण बिजली का तार टूटकर खेत में गिर पड़ा था, जिसके बाद वे लोग पावर ग्रिड पहुंचे। वहां बिजली का कनेक्शन काटने के लिए कहा तो आधे घंटे के लिए शटडाउन मिला।

लोगों ने काम खत्म होते ही तुरंत पावरग्रिड में सूचना देने की बात कही थी। ग्रामीणों का आरोप है कि गांव में जब लोग तार जोड़ ही रहे थे, तभी अचानक पावरग्रिड से बिजली दे दी गई जिससे तार में करंट दौड़ने लगा और तार को जोड़ रहे दो लोगों को बिजली का तेज झटका लगा और दोनों नीचे गिर पड़े।

काफी मालिश करने के बाद उनको होश आया। इस बात की शिकायत करने गर्रा स्थित पावरग्रिड पहुंचे तो पुलिस ने वहां आकर इन दोनों को पकड़ लिया। दोनों को छुड़ाने के लिए थाने का घेराव किया गया है।

वहीं बिजली विभाग के एसडीओ ने कहा कि ग्रामीणों ने गलत आरोप लगाते हुए पावरग्रिड में घुसकर कर्मियों की पिटाई की है, जिससे 3 कर्मी घायल हुए हैं। लाखों रुपये की संपत्ति का नुकसान पहुंचाया गया है। बिजली ग्रिड के कर्मियों द्वारा पहले भी चार-पांच लोगों के खिलाफ लगातार शिकायत की जाती थी कि ग्रिड पर आकर इन लोगों द्वारा गाली-गलौज की जाती है। इस तोड़फोड़ की घटना को लेकर थाने में 10 नामजद और 50 अज्ञात के खिलाफ प्राथमिकी दर्ज कराई गई है।

Next Story