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Controversy : बाबा तो बाबा अपने बयानों से ये संन्यासिनी भी बटोर चुकी हैं कंट्रोवर्सी, जहरीली जुबान से खूब उड़ाया गर्दा

Janjwar Desk
25 Sep 2021 4:40 AM GMT
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(देश में बाबाओं के अलावा साध्वियों के विवादित बयानों ने भी बटोरा है विवाद)

Controversy : 2017 के यूपी विधानसभा चुनाव में वो अखिलेश यादव को 'औरंगजेब' तक बता चुकी हैं। उनके 'दो बच्चे से ज्यादा बच्चे' होने पर सभी सरकारी सुविधाएं छीन लेने वाले बयान पर उन्हें आलोचना झेलनी पड़ी थी...

Controversy (जनज्वार) : महंत नरेंद्र गिरि की संदिग्ध मौत (Narendra Giri Death Case) के बाद उनके शिष्य आनंद गिरि को अरेस्ट किया गया। अब महंत नरेंद्र गिरि और उनके शिष्य को लेकर एक के बाद एक विवादित तथ्य सामने आ रहे हैं। लेकिन, ऐसा नहीं है कि केवल बाबा ही विवादों में या सुर्खियों में रहे हों। संतों के देश में महिला साध्वियों के विवादों का एक सिलसिला भी देखने को मिला है, जिनमें मध्य प्रदेश की राजधानी भोपाल से सांसद प्रज्ञा ठाकुर, साध्वी निरंजन ज्योति, साध्वी ऋतंभरा, साध्वी प्राची और राधे मां जैसे बड़े नाम शामिल हैं।

राधे मां

रियलिटी शो 'बिग बॉस' में शिरकत कर चुकीं राधे मां (Radhey Maa) अपनी चौकियों को लेकर विवादों में रही हैं। राधे मां की बड़ी चौकियों से कई आपत्तिजनक फोटोज सामने आ चुके हैं। राधे मां पर कई अलग-अलग शहरों में केस भी दर्ज हुए। पंजाब के गुरदासपुर जिले की राधे मां उर्फ सुखविंदर कौर ने शादी के बाद आध्यात्मिक जीवन अपना लिया। राधे मां पर संपत्ति हड़पने और धमकी देने के भी आरोप लग चुके हैं।

ऋतंभरा

अयोध्या में 6 दिसंबर, 1992 को विवादित ढांचा गिराए जाने के मामले में 28 साल बाद पिछले साल अदालत ने सबूतों के अभाव में सभी आरोपियों को बरी कर दिया। बाबरी ढांचा गिराने के 32 आरोपियों में साध्वी ऋतंभरा (Sadhvi Ritambhara) का नाम भी शामिल था। लाल कृष्ण आडवाणी, मुरली मनोहर जोशी और कल्याण सिंह के बयान चर्चा में आए, जबकि ऋतंभरा, उमा भारती और विनय कटियार के बयान विवादों में रहे। साध्वी ऋतंभरा ने कहा था कि जहां बनी है मस्जिद, मंदिर वहीं बनाएंगे। इस भाषण में ऋतंभरा ने अयोध्या के साथ-साथ काशी-मथुरा का भी जिक्र किया था। उनके इस बयान पर विवाद हुआ था।

प्रज्ञा सिंह ठाकुर

भोपाल से भारतीय जनता पार्टी (बीजेपी) की सांसद प्रज्ञा सिंह ठाकुर (Pragya Singh Thakur) कई बार अपने भड़काऊ भाषणों के लिए सुर्खियों में रहीं। जुलाई 2019 में प्रज्ञा ठाकुर ने पार्टी कार्यकर्ताओं से कहा था कि वह नालों या शौचालय की सफाई के लिए सांसद नहीं बनी हैं। इसी तरह जुलाई 2020 में उन्होंने लोगों से दिन में पांच बार हनुमान चालीसा का पाठ करने की अपील की, ताकि कोविड-19 को खत्म किया सके। दिसंबर 2020 में, क्षत्रिय महासभा की एक सभा को संबोधित करते हुए प्रज्ञा ठाकुर ने एक विवादास्पद टिप्पणी की। उनका कहना था कि ब्राह्मणों को ब्राह्मण कहलाने पर बुरा नहीं लगता, वैसे ही क्षत्रिय और वैश्य को भी बुरा नहीं लगता है। लेकिन शूद्र अज्ञानता के कारण शूद्र कहलाना पसंद नहीं करते, वे 'समझने में असमर्थ' हैं।

इस साल मई में प्रज्ञा सिंह ठाकुर को एक और विवादित बयान पर आलोचना का सामना करना पड़ा। उन्होंने कहा कि भारतीय गायों के मूत्र से फेफड़ों में इंफेक्शन कम होता है और यह कोरोना से बचाता है। महात्मा गांधी के हत्यारे नाथूराम गोडसे को देशभक्त बताने पर प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने कहा था कि वह साध्वी प्रज्ञा को कभी मन से माफ नहीं कर पाएंगे। 2008 में मालेगांव बम धमाके मामले में उन्हें गिरफ्तार किया गया, लेकिन बाद में एनआईए की विशेष अदालत ने उन्हें जमानत दे दी।

निरंजन ज्योति

केंद्रीय खाद्य प्रसंस्करण उद्योग राज्य मंत्री निरंजन ज्योति (Niranjan Jyoti) अक्सर अपने विवादों को लेकर चर्चा में रहती हैं। 2014 में उनका रामजादे बनाम ह....जादे वाला बयान पर सुर्खियों में रहा। इसी तरह लोकसभा चुनाव प्रचार के दौरान उन्होंने कहा था कि पाकिस्तान में घुसकर मारने वाला प्रधानमंत्री चाहिए या संसद में आंख मारने वाला, यह लोगों को तय करना है। वह 2017 के यूपी विधानसभा चुनाव में वो अखिलेश यादव को 'औरंगजेब' तक बता चुकी हैं। उनके 'दो बच्चे से ज्यादा बच्चे' होने पर सभी सरकारी सुविधाएं छीन लेने वाले बयान पर उन्हें आलोचना झेलनी पड़ी थी। निरंजन ज्योति दुर्गा वाहिनी और विश्व हिंदू परिषद के बाद बीजेपी से जुड़ीं। उनकी छवि बेबाक नेता की रही। राम मंदिर मूवमेंट से उन्हें पहचान मिली। साध्वी निरंजन ज्योति प्रवचन भी देती हैं। वह कई धार्मिक और सामाजिक संस्थाओं से जुड़ी हैं।

साध्वी प्राची

साध्वी प्राची भी उन साध्वियों में से हैं जो अपने बयानों के चलते सुर्खियों में रहती हैं। बीजेपी नेता और विश्व हिंदू परिषद से जुड़ीं साध्वी प्राची (Sadhvi Prachi) का नाम लंबे समय से विवादों में घिरा रहा है। 2015 में प्राची को अपने उस समय बयान पर काफी आलोचना झेलनी पड़ी थी जिसमें उन्होंने कहा था, मैंने चार बच्चे ही पैदा करने कहा तो भूकंप आ गया, ये लोग 40 पिल्ले पैदा करते हैं और फिर लव जेहाद करते हैं, उस पर कोई बात नहीं करता। वेदों पर शोध करने वाली प्राची यूपी के पूर्व मंत्री शिवपाल यादव पर भी विवादित टिप्पणी कर चुकी हैं।

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