राष्ट्रीय

Lakhimpur Kheri Case : आशीष मिश्रा की रिहाई का रास्ता साफ, कोर्ट ने दिया हत्या व आपराधिक साजिश की धाराएं जोड़ने का आदेश

Janjwar Desk
14 Feb 2022 3:18 PM GMT
Lakhimpur Khiri Case : लखीमपुर ​में किसानों की हत्या मामले मे एक और गवाह पर हमला, जान से मारने की धमकी भी दी
x

Lakhimpur Khiri Case : लखीमपुर ​में किसानों की हत्या मामले मे एक और गवाह पर हमला, जान से मारने की धमकी भी दी

Lakhimpur Kheri Case : हाईकोर्ट ने आज जमानत आदेश में सुधार की अर्जी मंजूर कर इसमें हत्या व आपराधिक साजिश की धाराएं जोड़ने का आदेश दिया है, न्यायमूर्ति राजीव सिंह ने यह आदेश अशीष की तरफ से पेश सुधार अर्जी पर दिया...

Lakhimpur Kheri Case : उत्तर प्रदेश (Uttar Pradesh) के लखीमपुर खीरी (Lakhimpur Kheri) के तिकुनिया हिंसा (Lakhimpur Kheri Case) कांड के मामले में मुख्य आरोपी गृह राज्यमंत्री अजय मिश्र टेनी (Ajay Mishra Teni) के पुत्र आशीष मिश्र (Ashish Mishra Teni) उर्फ मोनू को इलाहाबाद हाईकोर्ट की लखनऊ पीठ से जमानत मिलने के बाद रिहाई का रास्ता साफ हो गया है। बता दें कि इस मामले के मुख्य आरोपी गृह राज्यमंत्री अजय मिश्र टेनी के पुत्र आशीष मिश्रा को लगभग चार महीने बाद हाई कोर्ट से राहत मिली है। कल मंगलवार 15 फरवरी को आशीष मिश्र की जेल से रिहाई हो जाएगी।

हत्या व आपराधिक साजिश की धाराएं जोड़ने का आदेश

बता दें कि हाईकोर्ट ने आज सोमवार 14 फरवरी को जमानत आदेश में सुधार की अर्जी मंजूर कर इसमें हत्या व आपराधिक साजिश की धाराएं जोड़ने का आदेश दिया है। न्यायमूर्ति राजीव सिंह ने यह आदेश अशीष की तरफ से पेश सुधार अर्जी पर दिया। कोर्ट ने गत 10 फरवरी को दिए गए जमानत आदेश में तदनुसार संशोधन कर दिया।

रिहाई में फंसा था पेज

गौरतलब यही कि आशीष मिश्र को बीते बृहस्पतिवार को जो जमानत आदेश मिला था उसमें हत्या और साजिश की धाराओं वाले केस में जमानत मंजूर होने का जिक्र नहीं था। ऐसे में उसकी रिहाई में पेंच फंस गया था। इसको लेकर आशीष मिश्रा के वकील शुक्त्रस्वार को फिर कोर्ट पहुंचे थे और बृहस्पतिवार को सुनाए गए जमानत के आदेश में सुधार (करेक्शन) की अर्जी पेश कर इस पर जल्द सुनवाई का आग्रह किया था।

आदेश किया गया संशोधित

मीडिया रिपोर्ट्स के अनुसार अर्जी पर जस्टिस राजीव सिंह की अदालत ने सोमवार को सुनवाई नियत की थी। संशोधन प्रार्थनापत्र दाखिल किया गया कि जमानत आदेश में धारा 302 (हत्या) और 120 बी (अपराधिक साजिश) की धारा का उल्लेख नहीं है। हालांकि जमानत प्रार्थना पत्र में था। इसलिए आशीष मिश्र के जमानत आदेश को संशोधित कर संबंधित धाराएं भी जोड़ दी जाएं। बीते तीन अक्तूबर को खीरी जिले में उपद्रव के बाद हिंसा में चार किसान सहित आठ लोगों की मौत के मामले में आशीष मिश्र मुख्य आरोपी है। आशीष केंद्रीय गृह राज्य मंत्री अजय मिश्र टेनी का पुत्र है।

Next Story

विविध