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'मुसलमानों के नरसंहार का नहीं बल्कि कर रहे देश में गृहयुद्ध का आह्वान' धर्मसंसद कंट्रोवर्सी पर भड़के अभिनेता नसीरुद्दीन शाह

Janjwar Desk
29 Dec 2021 3:50 AM GMT
Naseeruddin Shah
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बॉलीवुड अभिनेता नसीरुद्दीन शाह।

अभिनेता नसीरुद्दीन शाह ने एक साक्षात्कार में कहा - जो कुछ हो रहा है, उसे देखकर हैरानी हो रही है। शायद उन्हें ये भी नहीं पता कि वह किस बारे में बात कर रहे हैं। वह किसका आह्वान कर रहे हैं। ये एक तरह से गृहयुद्ध जैसा होगा।

नई दिल्ली। लंबे अरसे बाद बॉलीवुड एक्टर नसीरुद्दीन शाह ( Naseeruddin Shah ) ने हरिद्वार धर्म संसद ( Dharam Sansad ) में धर्माचार्यों की ओर से दिए गए भड़काव बयानों को लेकर खुलकर अपनी बात रखते हुए कहा कि जो लोग मुसलमानों के नरसंहार ( Genocide ) का आह्वान कर रहे हैं, दरअसल वह देश में गृहयुद्ध ( Civil War ) का आह्वान कर रहे हैं। समाचार पोर्टल दी वायर को दिए इंटरव्यू में शाह ने वरिष्ठ संवाददाता करण थापर से कहा कि जो कुछ हो रहा है, उसे देखकर हैरानी हो रही है। शायद उन्हें ये भी नहीं पता कि वह किस बारे में बात कर रहे हैं। वह किसका आह्वान कर रहे हैं। ये एक तरह से गृहयुद्ध जैसा होगा।

प्रतिशोध में आंदोलन हुआ तो बहुत बुरा होगा

अभिनेता नसीरुद्दीन शाह ( Naseeruddin Shah ) ने कहा कि 20 करोड़ की आबादी को आप इस तरह से खत्म करने की बात नहीं कर सकते हैं। ये लोग लड़ने के लिए तैयार हैं, क्योंकि हम सभी लोग यहीं के हैं, हमारी पीढ़ियां यहीं रहीं और यहीं मरीं। शाह ने कहा कि जो लोग इस तरह की भड़काच बयान दे रहे हैं शायद उन्हें अंदाजा नहीं है कि वह किस बारे में बात कर रहे हैं। उन्होंने कहा कि मुझे यकीन है कि अगर इसके प्रतिशोध में कोई आंदोलन शुरू होता है तो भारी नुकसान हो सकता है।

दोयम दर्जे का नागरिक बनाने पर तुले हैं ये लोग

जाने माने एक्टर नसीरुद्दीन शाह ने कहा कि मुसलमानों को दोयम दर्जे का नागरिक बनाया जा रहा है।यह मुसलमानों के बीच डर पैदा करने की कोशिश है, लेकिन मुसलमान हार नहीं मानेंगे। वे लोग इसका सामना करेंगे क्योंकि हमें अपना घर बचाना है। हमें अपनी मातृभूमि बचानी है, हमें अपना परिवार बचाना है। हमें अपने बच्चों को बचाना है। मैं मजहब की बात नहीं कर रहा। मजहब तो बहुत आसानी से खतरे में पड़ जाता है।

एफआईआर गलत

बता दें कि उत्तराखंड ( Uttarakhand ) के हरिद्वार ( Haridwar ) में 17 से 19 नवंबर के बीच धर्म संसद (Dharma Sansad) का आयोजन हुआ था। इसमें शामिल वक्ताओं की ओर से दिए गए "Hate speech conclave" को विवाद जारी है। अभी तक इस मामले में कथित अभद्र भाषा के संबंध में प्राथमिकी में तीन लोगों का नाम सामने आया है। हेट स्पीच मामले में धर्म दास, एक महिला अन्नपूर्णा और हाल ही में हिंदू धर्म स्वीकार करने वाले जितेंद्र त्यागी उर्फ वसीम रिजवी को नामजद किया गया है।

विश्व धर्म संसद का किया दावा

विवादों के बीच धर्म संसद आयोजित कराने वाले महामंडलेश्वर नरसिंहानंद ने हरिद्वार के एक आश्रम पहुंचने पर मीडियाकर्मी से बातचीत में कहा कि अब एक विश्व धर्म संसद आयोजित की जाएगी। यह और पूरी तरीके से होगी। नरसिंहानंद ने प्रियंका गांधी के ट्वीट पर महात्मा गांधी पर भी अभद्र टिप्पणी की और गांधी परिवार को हिंदुओं के साथ गद्दारी करने वाली बात कही। उन्होंनें से कहा कि वसीम रिजवी उर्फ जितेंद्र त्यागी सहित तीन लोगों पर दर्ज मुकदमे गलत हैं।

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